॥ श्री सालासर बालाजी की जय ॥
सेवा का समय: सुबह 4 से रात 10 बजेसालासर में प्रतिदिन सुबह 4 बजे से सेवा

पूजा डर से नहीं,
श्रद्धा से होती है।

सालासर में प्रतिदिन ब्रह्ममुहूर्त से सेवा करते पं. बजरंगलाल दधीच जी। यहाँ पूजा-पाठ का पूरा ज्ञान है: नवग्रह, व्रत, कथा, आरती और मंत्र, सरल हिंदी में। और जब ज़रूरत हो, पंडित जी से सीधी बात।

अगला सामूहिक संकल्प कल, मंगलवार, 3 नवंबर

हर मंगलवार और शनिवार, सालासर में। आपका नाम और गोत्र इसमें जुड़ सकता है।

नाम जुड़वाएँ
पं. बजरंगलाल दधीच जी

पंडित बजरंगलाल दधीच

सालासर धाम, चूरू (राजस्थान)

सेवा का समय
सुबह 4 से रात 10 बजे
सेवा-स्थल
सालासर के चार मंदिर
उत्तर
24 घंटे में, केवल संदेश
दक्षिणा
इच्छा अनुसार
॥ पंडित जी का परिचय ॥

सालासर धाम के पं. बजरंगलाल दधीच जी

पंडित जी का दिन सुबह 4 बजे ब्रह्ममुहूर्त से शुरू होता है और रात 10 बजे तक सेवा में ही बीतता है। वे सालासर के चार मंदिरों में नित्य पूजा करते हैं, और साथ में यजमानों के पूजा-पाठ, हवन और संस्कार करवाते हैं।

विवाह और सभी मांगलिक कार्य, अंत्येष्टि और श्राद्ध कर्म, और शास्त्रों तथा कुंडली का गहरा ज्ञान। स्वभाव से सरल और शांत, इसलिए यहाँ बात फ़ोन पर जल्दबाज़ी में नहीं, WhatsApp पर शांति से होती है।

  • पूजा, पाठ और हवन
  • विवाह और संस्कार
  • अंत्येष्टि और श्राद्ध
  • वास्तु और भूमि पूजन
  • कुंडली और मुहूर्त
  • ऑनलाइन संकल्प

सालासर धाम में प्रतिदिन सेवासुबह 4 बजे से रात 10 बजे तक, सालासर के मंदिरों में नित्य पूजा।

दक्षिणा इच्छा अनुसारकोई रेट-लिस्ट नहीं, कोई दबाव नहीं। जो श्रद्धा से दें, वही स्वीकार।

हर ऑनलाइन पूजा का वीडियोसंकल्प में आपका नाम-गोत्र, और उसका वीडियो उसी दिन WhatsApp पर।

शास्त्र के स्रोत के साथहर मंत्र और कथा के साथ उसका ग्रंथ लिखा है। डर नहीं, समझ।

पूरी सेवा-नीति, गोपनीयता और जानकारी के स्रोत: भरोसा और सेवा-नीति

॥ आज का दिन ॥

आज सोमवार है

हर वार का एक ग्रह है, एक पूजनीय देवता हैं और एक व्रत है। आज के दिन के लिए यह रहा:

ग्रह
चंद्र
पूजनीय
भगवान शिव
शुभ रंग
सफ़ेद

ॐ नमः शिवाय

भगवान शिव को नमस्कार। यह पंचाक्षर मंत्र है, जिसे कोई भी, कभी भी श्रद्धा से जप सकता है।

सप्ताह के सात वार: ग्रह, देवता और व्रत
वारग्रहपूजनीयव्रत
रविवार सूर्य सूर्य नारायण रविवार व्रत
सोमवार चंद्र भगवान शिव सोमवार व्रत
मंगलवार मंगल हनुमान जी (सालासर बालाजी) मंगलवार व्रत
बुधवार बुध श्री गणेश बुधवार व्रत
गुरुवार गुरु (बृहस्पति) भगवान विष्णु गुरुवार (बृहस्पतिवार) व्रत
शुक्रवार शुक्र माँ लक्ष्मी, संतोषी माता शुक्रवार व्रत (संतोषी माता)
शनिवार शनि शनिदेव, हनुमान जी शनिवार व्रत
॥ पंचांग ॥

आने वाले व्रत-त्योहार

अगली एकादशी, पूर्णिमा, प्रदोष और पर्व, तिथि सहित। नाम पर दबाइए, तो उस व्रत की विधि और कथा खुलेगी।

दीपावली, रविवार, 8 नवंबरअपने शहर का लक्ष्मी पूजा मुहूर्त, सामग्री और विधि
  1. 5नवंबर रमा एकादशीगुरुवार
  2. 6नवंबर धनतेरसशुक्रवार
  3. 6नवंबर प्रदोष व्रतशुक्रवार · शुक्र प्रदोष
  4. 8नवंबर दीपावली (लक्ष्मी पूजा)रविवार
  5. 9नवंबर कार्तिक अमावस्यासोमवार · दीपावली 8 नवंबर को
  6. 10नवंबर गोवर्धन पूजा, अन्नकूटमंगलवार
  7. 11नवंबर भाई दूजबुधवार
  8. 15नवंबर छठ पूजारविवार
  9. 20नवंबर देवउठनी (प्रबोधिनी) एकादशीशुक्रवार · तुलसी विवाह और वैष्णव एकादशी 21 नवंबर
  10. 21नवंबर तुलसी विवाहशनिवार · देवउठनी एकादशी 20 नवंबर
  11. 22नवंबर प्रदोष व्रतरविवार · रवि प्रदोष
  12. 24नवंबर कार्तिक पूर्णिमामंगलवार · देव दीपावली, गुरु नानक जयंती
  13. 27नवंबर संकष्टी चतुर्थी (गणाधिप)शुक्रवार
  14. 4दिसंबर उत्पन्ना एकादशीशुक्रवार
  15. 6दिसंबर प्रदोष व्रतरविवार · रवि प्रदोष
  16. 8दिसंबर मार्गशीर्ष अमावस्यामंगलवार
  17. 14दिसंबर विवाह पंचमीसोमवार
  18. 20दिसंबर गीता जयंतीरविवार
  19. 20दिसंबर मोक्षदा एकादशीरविवार · गीता जयंती भी
  20. 21दिसंबर प्रदोष व्रतसोमवार · सोम प्रदोष
  21. 23दिसंबर मार्गशीर्ष पूर्णिमाबुधवार · दत्तात्रेय जयंती
  22. 26दिसंबर संकष्टी चतुर्थी (अखुरथ)शनिवार
  23. 3जनवरी सफला एकादशीरविवार
  24. 5जनवरी प्रदोष व्रतमंगलवार · भौम प्रदोष
  25. 7जनवरी पौष अमावस्यागुरुवार
  26. 15जनवरी मकर संक्रांतिशुक्रवार
  27. 18जनवरी पौष पुत्रदा एकादशीसोमवार · वैष्णव एकादशी 19 जनवरी
  28. 20जनवरी प्रदोष व्रतबुधवार · बुध प्रदोष
  29. 22जनवरी पौष पूर्णिमाशुक्रवार · शाकंभरी पूर्णिमा
  30. 25जनवरी संकष्टी चतुर्थी (लंबोदर)सोमवार · सकट चौथ (तिल चौथ)
पूरा पंचांग देखें
॥ ज्ञान-कोश ॥

पूजा से पहले, थोड़ा समझ लें

सब कुछ मुफ़्त, सरल हिंदी में, संस्कृत मूल के साथ। समझ बढ़ेगी, तो डर अपने-आप घटेगा।

९ 9 ग्रह · 5 दोषों का सच

नवग्रह

हर ग्रह की पुराण-कथा, जीवन में भूमिका, कमज़ोर होने के संकेत और उपाय का सही क्रम।

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२४ सात वार से श्राद्ध तक

व्रत-त्योहार

हर व्रत की विधि, सामग्री, क्या खाएँ और क्या नहीं, व्रत-कथा और उद्यापन।

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७ सत्यनारायण के पूरे 5 अध्याय

कथाएँ

हनुमान जी, गणेश जी, शिव-पार्वती, समुद्र-मंथन, प्रह्लाद और ध्रुव की कथाएँ।

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१५ हर एक का PDF

आरती, पाठ, स्तोत्र

गणेश जी से हनुमान चालीसा और लिङ्गाष्टकम् तक, शुद्ध पाठ और सरल भाव के साथ।

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५५ अर्थ सहित · डिजिटल माला

मंत्र-जप

महामंत्र, देव मंत्र, दैनिक मंत्र, कामना अनुसार मंत्र और शांति पाठ।

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१४ क्या होता है, कितना समय

पूजा-सेवाएँ

सुंदरकांड, रुद्राभिषेक, गृह प्रवेश, विवाह, मुंडन, कुंडली मिलान: हर पूजा की पूरी जानकारी।

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१५० व्रत-त्योहार तिथियाँ

पंचांग और कैलेंडर

आज का पूरा पंचांग: तिथि, नक्षत्र, राहुकाल, चौघड़िया, मुहूर्त; हिंदू कैलेंडर और आने वाले व्रत-त्योहार।

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३६ गुण मिलान · जन्म नक्षत्र

कुंडली मिलान

वर-कन्या के जन्म-विवरण से 36 गुण, नाड़ी-भकूट दोष और परिहार; अपना जन्म नक्षत्र, राशि और नाम-अक्षर भी।

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१२ ग्रह स्पष्ट · दशा · मांगलिक

जन्म कुंडली

जन्म तिथि, समय और स्थान से पूरी कुंडली: लग्न, नवांश, भाव स्पष्ट, विंशोत्तरी दशा और साढ़ेसाती।

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१६५ चार धाम · ज्योतिर्लिंग · शक्तिपीठ

तीर्थ दर्शन

देवता के अनुसार भारत के प्रसिद्ध धाम: कथा, विशेष पर्व, जाने का समय और रास्ता।

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१७५४ असोटा से सालासर तक

सालासर धाम

बालाजी के प्रकट होने की कथा, धाम की परंपराएँ, मेले और यात्रा की बातें।

खोलें
॥ आरती और पाठ, PDF में ॥

छापिए, सहेजिए, WhatsApp पर भेजिए

हर आरती का साफ़, बड़े अक्षरों वाला PDF। घर की पूजा, मंडली के कीर्तन और बुज़ुर्गों के पढ़ने के लिए।

सम्पूर्ण आरती संग्रहसभी 15 आरती-पाठ, एक PDF में
श्री गणेश जी की आरतीजय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा
श्री हनुमान जी की आरतीआरती कीजै हनुमान लला की
श्री शिव जी की आरतीॐ जय शिव ओंकारा
श्री जगदीश जी की आरतीॐ जय जगदीश हरे
श्री लक्ष्मी जी की आरतीॐ जय लक्ष्मी माता
श्री अम्बे जी की आरतीजय अम्बे गौरी
श्री कुंजबिहारी जी की आरतीआरती कुंजबिहारी की
श्री राम स्तुतिश्री रामचंद्र कृपालु भजु मन
श्री हनुमान चालीसाजय हनुमान ज्ञान गुन सागर
संकटमोचन हनुमानाष्टकबाल समय रबि भक्षि लियो तब
लिङ्गाष्टकम्ब्रह्ममुरारिसुरार्चितलिङ्गं निर्मलभासितशोभितलिङ्गम्
शिव पञ्चाक्षर स्तोत्रनागेन्द्रहाराय त्रिलोचनाय भस्माङ्गरागाय महेश्वराय
संकटनाशन गणेश स्तोत्रप्रणम्य शिरसा देवं गौरीपुत्रं विनायकम्
महालक्ष्म्यष्टकम्नमस्तेऽस्तु महामाये श्रीपीठे सुरपूजिते
॥ तीन वचन ॥

जो हर भक्त के साथ निभाए जाते हैं

डराएँगे नहीं

दोष, कालसर्प या ग्रहों के नाम पर भय दिखाकर कभी कोई पूजा नहीं बताई जाएगी।

जो ज़रूरी नहीं, वो नहीं

छोटे उपाय से काम चले तो बड़ी पूजा नहीं। कई बार सलाह बस इतनी होगी: हर मंगलवार हनुमान चालीसा।

विधि पूरी, प्रमाण साथ

हर ऑनलाइन संकल्प का वीडियो आपके WhatsApp पर आएगा। जो कहा, वही किया।

॥ पूजा-सेवाएँ ॥

सालासर में, या घर बैठे

हर सेवा की पूरी जानकारी: क्या होता है, कितना समय, क्या तैयारी, और कब ज़रूरत नहीं। दक्षिणा इच्छा अनुसार।

सालासर में

पूजा, पाठ, हवन और संस्कार

आप सालासर आएँ। शास्त्रोक्त विधि से पूजा-पाठ, हवन, मांगलिक कार्य और संस्कार।

विवरण
मांगलिक कार्य

संस्कार और शुभ कार्य

जीवन के हर शुभ मोड़ पर विधि-विधान से संस्कार।

विवरण
वास्तु

वास्तु परामर्श और वास्तु पूजन

घर, दुकान या प्लॉट का नक्शा देखकर सरल सलाह, बिना तोड़-फोड़ के डर के; और भूमि पूजन से गृह प्रवेश तक वास्तु पूजन।

विवरण
पितृ कर्म

अंत्येष्टि और श्राद्ध

कठिन समय में परिवार के साथ, शास्त्रोक्त विधि से।

विवरण
WhatsApp पर

कुंडली, मिलान और मुहूर्त

जन्म विवरण भेजिए। पंडित जी शांति से देखकर वॉइस नोट में उत्तर देंगे। फ़ोन कॉल नहीं।

विवरण
घर बैठे

आपके नाम का संकल्प, सालासर में

दूर हैं, तब भी जुड़िए। आपके नाम और गोत्र से पूजा, उसका वीडियो WhatsApp पर, और प्रसाद डाक से।

विवरण

पूजा-पाठ की झलकियाँ, Instagram पर

सालासर में होने वाली पूजा, हवन और आरती के वीडियो: @ptbajranglalsalasar

Instagram पर देखें